चंऊक पुरावंव दाई
Chauk Puravav Dai Lyrics
Jas Geet Lyrics
- गीत – चौक पुरावंव दाई
- स्वर – अनुराग शर्मा
- गीतकार - रामकुमार साहू
- संगीत - हेमराज सिन्हा, हितेंद्र वर्मा
- लेबल - अनुराग शर्मा ऑफिसियल
स्थाई
चौक पुरावंव दाई कलशा सजावंव ओ
चौक पुरावंव दाई कलशा सजावंव ओ
के गंगाजल म पखारव तोर पांव
ये मोर दाई गंगाजल म पखारवं तोर पांव
सातो बहिनिया संग म चौंसठ जोगनिया ओ
सातो बहिनिया संग म चौंसठ जोगनिया ओ
के आवव दाई पधारो मोर गांव
ये मोर दाई गंगाजल म पखारवं तोर पांव
अंतरा 1
दुख के तैं अधियारी हरबे
जगमग जोत जलायेन
दाई जगमग जोत जलायेन
दया मया सुख छइहा खातिर
हरियर फूलवा सजायेन
दाई हरियर फूलवा सजायेन
लंगुरे ह बाटे नेवता सेवा म ठाकुर देवता
लंगुरे ह बाटे नेवता सेवा म ठाकुर देवता
के भैरव संग म तोला परघांव
ये मोर दाई गंगाजल म पखारव तोर पांव
अंतरा 2
धन्य-धान ले आगर रखबे
झन आवय कोनो अलहन
दाई झन आवय कोनो अलहन
सरगा बरोबर गमके हर दिन
ये भुइंया मोर पावन
दाई ये भुइंया मोर पावन
रहिबे सदा सहाई दाई ओ मोर महामाई
रहिबे सदा सहाई दाई ओ तैं महामाई
शितला के मोर शितल जुड़छांव
ये मोर दाई गंगाजल म पखारवं तोर पांव
चौक पुरावंव दाई कलशा सजावंव ओ
चौक पुरावंव दाई कलशा सजावंव ओ
के गंगाजल म पखारवं तोर पांव
ये मोर दाई गंगाजल म पखारवं तोर पांव
